Homeमधुबनीआजादी के सात दशक के बाद भी आज भी लोग चचरी पुल...

आजादी के सात दशक के बाद भी आज भी लोग चचरी पुल से पार होने को मजबूर

- Advertisement -

मधेपुर प्रखंड के अंतर्गत भेजा थाना क्षेत्र के कोसी दियारा इलाका के करहारा पंचायत के पूर्वी भाग तथा पश्चिमी भाग दो भागों में बटा हुआ है, कारण है भूतही नदी। नदी के पूर्वी छोर में पंचायत के 2 वार्ड आते हैं। जिसमें वार्ड नंबर 13 वार्ड नंबर 14 इन दोनों वार्ड के लोगों का सारा काम पश्चिमी छोर में बसा हुआ करहरा गांव से ही होता है। जबकि पूर्वी छोर में बसा हुआ तोल बनाही सिंगयोन मुख्य लाइफ लाइन सड़क दोनों तरफ से बना हुआ है लेकिन बीच में भूतही नदी में आज तक पुल का निर्माण नहीं होने के कारण आज भी लोग विकास से कोसों दूर है।

- Advertisement -

जबकि पूर्व के विधायिका श्रीमती गुलजार देवी ने कई बार यहां के लोगों से वादा करके गया साथ ही आश्वासन भी दिया था कि 2020 से पहले अगर इस नदी में पुल का निर्माण नहीं हुआ तो हम 2020 में वोट मांगने नहीं आएंगे। इस बात को लेकर पिछले चुनाव में ग्रामीण में काफी आक्रोश था यहां तक कि वोट बहिष्कार करने की भी बात हो रही थी। प्रशासन के द्वारा लाख समझाने के बावजूद यहां के ग्रामीणों में आक्रोश कम हुआ था। इतना ही नहीं स्थानीय ग्रामीणों का कहना था कि हर बार हम लोग चंदा इकट्ठा करके हर वर्ष यहां पर चचरी पुल का निर्माण करते हैं हर वर्ष की भांति हर साल बाढ आते ही नदी के तेज धारा में चचरी को अपने साथ बहाकर ले जाती है। जिसके बाद 4 महीने तक केवल नांव का ही सहारा रहता है जबकि कई बार बाढ़ के समय में यहां नो डूबने की घटना भी हो चुकी है।

- Advertisement -

इस मौके पर काफी संख्या में ग्रामीणों ने प्रशासन के साथ-साथ स्थानीय सांसद स्थानीय विधायक के खिलाफ नारेबाजी भी की। वही बनाही गांव निवासी शशिकांत चौपाल एवं शिवनारायण चौपाल का कहना था कि हम लोगों का सरकार के ऊपर से भरोसा खत्म हो गया है। वही विकास झा का कहना था कि सरकार से तथा यहां के वर्तमान विधायक एवं सांसद से हम लोग आग्रह करते हैं कि इस नदी में पुल का निर्माण अविलंब करवाया जाए। – मधुबनी से नितीश कुमार की रिपोर्ट

- Advertisement -

न्यूज़ अपडेट

- Advertisment -

शिक्षा एवं रोजगार

- Advertisment -